Monday, 30 March 2026

चुनरी सर से सरक गई

तन मन खाये हिचकोले 
कंगना सजना से बोले 
काहे ना घूंघट खोले
मेरी जवानी जल गई
चुनरी सर से सरक गई 

चलता है मेरा जादू 
दिल पर रख तू काबू 
ओ मेरे सैया दीवाने
 तबीयत तेरी मचल गई
चुनरी सर से सरक...... गई 
चुनरी सर से सरक..... गई  


मेरी आंखों का कजरा
 जैसे छूरी कटारी 
मुझे तो लगता सैया 
 तू है अभी अनाड़ी
 मत करना  प्यार मुझसे
 अगर चल गई मेरी कटारी
 आफत हो जाएगी
फिर मत कहना सजना
 मैं तो तेरे गले पड़ गई

काहे ना घूंघट खोले
जवानी मेरी जल गई 
पकडने को मेरी वैया
तबीयत तेरी मचल गई
तन मन खाये हिचकोले 
कंगना सजना से बोले 
काहे ना घूंघट खोले
मेरी जवानी जल गई
चुनरी सर से सरक गई  

सैया तू ना समझे 
 देख मत मेरे झुमके 
जब झुमके खन खन बोले 
सांसे दीवानों की अटके
मैं तेरा दिल ले लूंगी 
दीवाने सैया मेरे 
मैं तुझको लूट लूंगी 
बलमा बेगाने मेरे 
देखा है तुझे जब से 
तेरी दीवानी.... बन गई 
प्यार में तेरे सैया 
मैं तो कहानी बन गई

मेरी वाली चुनरिया
मेरे सर से सरक गई 
तन मन खाये हिचकोले 
कंगना सजना से बोले 
काहे ना घूंघट खोले
मेरी जवानी जल गई
चुनरी सर से सरक गई 

मेरी गलियों में 
आ गया तू सनम 
भूल तूने कर दी 
मेरी हर अदा में 
तन मन में 
बिजली तूने भर दी 
देख ले मेरा झटका 
कितने को है मैंने पटका
तू तो सैया मेरे अब तक 
मेरी चुनरी में अटका 
मुझसे  नैना लड़ा के
तबीयत तेरे दिल की 
देख सैया बिगड़... गई  गई
चुनरी तेरे दिल से लिपट गई 

तन मन खाये हिचकोले 
कंगना सजना से बोले 
काहे ना घूंघट खोले
मेरी जवानी जल गई
मेरी जवानी जल गई
चुनरी सर से सरक गई 




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