Monday, 13 April 2026

इस दिल की चाहत है सनम तू

[मुखड़ा]

इस दिल की चाहत है सनम तू,

ये तुझसे मोहब्बत करता है।

ये दुनिया की किसी सजा से,

कब डरता है, कब डरता है...

इस दिल की चाहत है सनम तू,

ये तुझसे मोहब्बत करता है।

​[अंतरा 1]

बस इस दिल को आगोश में तुम ले लो,

एक खिलौना समझ लो, दिल से मेरे तुम खेलो।

ये तुम्हारी वफ़ा में दिन-रात तड़पता है,

इसकी मंज़िल हो तुम, पाने को तरसता है।

इस दिल की चाहत है सनम तू...

[​अंतरा 2]

हीरे, मोती, चांदी, सोना... इसे नहीं कुछ चाहिए,

इसको नहीं कुछ चाहिए...

तेरी इबादत, तेरी मोहब्बत,

तेरी वफा ही चाहिए, 

नहीं और कुछ चाहिए।

ये अपनी वफा का इकरार करता है...

इस दिल की चाहत है सनम तू...

​[अंतरा 3]

तेरी छोटी सी खुशी की खातिर,

इसने मिटने की है तैयारी।

मेरे दिल की तो बस है,

तेरे दिल से ही यारी।

सारी दुनिया छोड़ के, तेरी यारी है प्यारी,

तेरी चाहत इसे प्यारी, तेरी चाहत में धड़कता है।

​[समापन (Outro)]

इस दिल की चाहत है सनम तू,

ये तुझसे मोहब्बत करता है।

कब डरता है... कब डरता है...

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